Activity No. 21

आज की एक्टिविटी का नाम है – सम्यक निर्णय
इस एक्टिविटी में आपको ज्यादा कुछ नही करना बस प्रत्येक प्रश्न का उत्तर हाँ या ना में देना है …..
तो आइए शुरू करते हैं ।
1. जिनके चार कल्याणक होते हैं वे भी तीर्थंकर कहलाते हैं ।
2. सभी संमूर्छन जीव असंगी होते हैं ।
3. नित्य निगोद वह स्थान है जहां से जीव कभी निकलता नही है ।
4. इतर निगोद वह स्थान है जहाँ से जीव निकलता भी है और जाता भी है ।
5. विश्व में जाति अपेक्षा छह और संख्या अपेक्षा अनंत द्रव्य नहीं हैं ।
6. सभी फूल आकाश में ही खिलते हैं ।
7. मुनिराजों के निमित्त से उनके लिए बनाया भोजन निर्दोष है।
8 . भरत ऐरावत क्षेत्रों में लगातार 6 काल कर्मभूमि और 6 काल भोगभूमि रहती है।
9. प्रमत्तदशा का मात्र छठा गुणस्थान होता है।
10. पाकिस्तान से भी अनंत जीव मोक्ष गए हैं ।
11. जिनके तीन कल्याणक होते हैं वे भी तीर्थंकर कहलाते हैं।
12. छह ढाला ग्रंथ के रचयिता कविवर बुधजन जी हैं ।
13. नंदीश्वर द्वीप में 52 पर्वत नहीं हैं ।
14. नित्य निगोदिया जीव को अभी प्रथम गुणस्थान भी नहीं है।
15. काल दोष से पांच तीर्थंकर बालयति हुए।
16. निःशंकित , निः कांक्षित आदि सम्यग्दर्शन के आठ दोष हैं।
17. राजा नेमिनाथ का राज्यकाल 387 वर्ष है ।
18. सातवें नारायण पुरुषदत्त तीसरे स्वर्ग गए।
19. तीर्थंकर परमात्मा के शरीर का अति सुगंधित होना उनके जन्म का अतिशय है।
20. पृथ्वी गोल है और सदा घूमती रहती है ।
21. सभी 169 महापुरुष सम्यग्दृष्टि होते हैं ।
22. जीव अरूपी ही नहीं है ।
23. जीव ही अरूपी है ।
24. जीव अरूपी ही है।
25. पुद्गल परमाणु भी अरूपी है ।
Activity 21
सम्यक निर्णय के उत्तर

1. जिनके चार कल्याणक होते हैं वे भी तीर्थंकर कहलाते हैं ।
नहीं
2. सभी संमूर्छन जीव असंगी होते हैं ।
नहीं
3. नित्य निगोद वह स्थान है जहां से जीव कभी निकलता नही है ।
नहीं
4. इतर निगोद वह स्थान है जहाँ से जीव निकलता भी है और जाता भी है ।
हाँ
5. विश्व में जाति अपेक्षा छह और संख्या अपेक्षा अनंत द्रव्य नहीं हैं ।
नहीं
6. सभी फूल आकाश में ही खिलते हैं ।
हाँ
7. मुनिराजों के निमित्त से उनके लिए बनाया भोजन निर्दोष है।
नहीं
8 . भरत ऐरावत क्षेत्रों में लगातार 6 काल कर्मभूमि और 6 काल भोगभूमि रहती है।
हाँ
9. प्रमत्तदशा का मात्र छठा गुणस्थान होता है।
नहीं
10. पाकिस्तान से भी अनंत जीव मोक्ष गए हैं ।
हाँ
11. जिनके तीन कल्याणक होते हैं वे भी तीर्थंकर कहलाते हैं।
हाँ
12. छह ढाला ग्रंथ के रचयिता कविवर बुधजन जी हैं ।
हाँ
13. नंदीश्वर द्वीप में 52 पर्वत नहीं हैं ।
नहीं
14. नित्य निगोदिया जीव को अभी प्रथम गुणस्थान भी नहीं है।
नहीं
15. काल दोष से पांच तीर्थंकर बालयति हुए।
हाँ
16. निःशंकित , निः कांक्षित आदि सम्यग्दर्शन के आठ दोष हैं।
नहीं
17. राजा नेमिनाथ का राज्यकाल 387 वर्ष है ।
नहीं
18. सातवें नारायण पुरुषदत्त तीसरे स्वर्ग गए।
नहीं
19. तीर्थंकर परमात्मा के शरीर का अति सुगंधित होना उनके जन्म का अतिशय है।
हाँ
20. पृथ्वी गोल है और सदा घूमती रहती है ।
नहीं
21. सभी 169 महापुरुष सम्यग्दृष्टि होते हैं ।
हाँ
22. जीव अरूपी ही नहीं है ।
हाँ
23. जीव ही अरूपी है ।
नहीं
24. जीव अरूपी ही है।
नहीं
25. पुद्गल परमाणु भी अरूपी है ।
नहीं

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *